Thursday, October 4, 2007

हिन्दी भाषा में एडसेन्स (Google Adsense) क्यों कामयाब नहीं है?

मेरा कुछ माह पहले एक हिन्दी की नई वेबसाईट पर जाना हुआ और उसके लिंक से मैं हिन्दी ब्लाग्स की दुनियां में जा पहुंचा। मेरे लिये हिन्दी ब्लाग्स की दुनियां एलिस के वंडरलेंड से कम नहीं है। पिछले आठ माह से मैं इन ब्लाग्स को लगातार पढ़ता आ रहा हूं।

हिन्दी में ब्लाग्स की क्वालिटी बहुत अच्छी है। हिन्दी ब्लाग्स पर ब्लागर्स ने एडसेन्स भी लगा रखे हैं पर मुझे नहीं लगता कि वे इसके जरिये कुछ कमा भी पाते होंगे। कुछ ब्लाग्स मेरी नजर से एसे गुजरे जिनमें एडसेन्स से कमाने की गुंजायश भी थी पर उन ब्लाग्स में एडसेन्स नहीं लगा हुआ था।

हिन्दी में एडसेन्स क्यो कामयाब नहीं हैं?
हिन्दी में एडसेन्स (google adsense) के ज्यादातर जो जाहिरात आते हैं वो सिर्फ शादी के लिये, रिलेशनशिप के लिये या नौकरी, लोन और घर (Home Loan) के लिये होते हैं। गूगल की नज़र में हिन्दी ब्लागर्स सिर्फ बाईस से छब्बीस साल के कुंवारे युवा हैं जो अच्छा पैसा कमाते हैं. इन्हें बस और और ज्यादा अच्छी नौकरी, छोकरी और घर की ज़रूरत है। (वैसे ही जैसे हिन्दी फिल्मों में आम मुसलमान सिर पर टोपी लगाये हर किसी से आदाब, आदाब बोलने वाला आदमी होता है)

लेकिन ज़नाब, परिवर्तन तो आयेंगे।

इस ब्लाग के माध्यम से मैं आने वाले लेखों में इन्टरनेट के जरिये कमाई की बात पर ही बात करूंगा।

आपकी गर्म और सर्द प्रतिक्रियाओं का इन्तजार है।

6 comments:

संजय बेंगाणी said...

हमें भी यह प्रतिक्षा रहेगी की इंटरनेट से कैसे कमाएं?
लिखते रहें.

Srijan Shilpi said...

चलिए, आपके फंडों से कमाई का कुछ जुगाड़ हो जाए हिन्दी ब्लॉगिंग करने वालों को तो इससे अच्छी बात कुछ और नहीं होगी।

बताते रहिए आप। शायद वक्त और हालात जल्द ही बदलें।

संजय तिवारी said...

वादे से पीछे न हटना दोस्त.

काकेश said...

हम भी हैं लाइन में पढ़ने वालों की.

http://kakesh.com

Sanjeet Tripathi said...

चलिए हम भी इंतजार करते हैं

अभिनव said...

अच्छा प्रयास है